प्रधानमंत्री सड़क योजना में लापरवाही: ग्रामीणों को भुगतना पड़ रहा है खामियाजा
ठेकेदारों की मनमानी और विभाग की निष्क्रियता के कारण ग्रामीण जनता को भुगतना पड़ रहा है खराब सड़कों का खामियाजा

शाहरुख बाबा चीफ एडिटर “
इंट्रो: प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के तहत हरदा जिले में चल रहे सड़क निर्माण कार्यों में गंभीर लापरवाही और निष्क्रियता ने ग्रामीणों की परेशानियां बढ़ा दी हैं। खिरकिया से कुड़ावा तक 6.200 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण अमृतश्री इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपर्स द्वारा किया जाना था, लेकिन एक साल बीत जाने के बाद भी यह कार्य अधूरा पड़ा है। ग्रामीण जनता को जर्जर सड़कों का सामना करना पड़ रहा है, जबकि विभागीय अधिकारियों की अनदेखी और ठेकेदारों की मनमानी उजागर हो रही है।
स्वतंत्र हरदा। प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के अंतर्गत हरदा जिले में चल रहे सड़क निर्माण कार्यों में गंभीर लापरवाही के चलते ग्रामीण जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीण सड़क विकास विभाग प्राधिकरण के महाप्रबंधक की निष्क्रियता और ठेकेदारों की मनमानी के कारण सड़कों की हालत जर्जर हो चुकी है।
खिरकिया से कुड़ावा तक 6.200 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण अमृतश्री इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपर्स को सौंपा गया था। इस परियोजना का कार्य 14 जून 2023 को शुरू होना था और इसे 13 जून 2024 तक पूरा किया जाना था। लेकिन, एक साल बीत जाने के बाद भी निर्माण कार्य अधूरा है, और सड़क की स्थिति बदहाल है।
ग्रामीणों का कहना है कि विभाग के अधिकारियों ने ठेकेदार से निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्य नहीं करवाया। ग्राम कुड़वा के रघुवीर पटेल, डिप्टी राजपूत, दीपक पटेल, गोलू पटेल, जितेंद्र चावड़ा, गब्बर राजपूत, गणेश पटेल, आनंद राजपूत, शिवेंद्र, और श्रवण बघेला ने आरोप लगाया है कि विभागीय अधिकारियों की लापरवाही के चलते ठेकेदार की मनमानी जारी है, और इसका खामियाजा ग्रामीणों को उठाना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने कलेक्टर से अपील की है कि वे प्रधानमंत्री सड़क योजना के अधिकारियों और ठेकेदार पर कड़ी कार्रवाई करें। उनका कहना है कि लापरवाह अधिकारियों और ठेकेदार पर दंडात्मक कदम उठाए जाने चाहिए, ताकि शासन की योजनाओं का सही क्रियान्वयन हो सके और ग्रामीण जनता को समय पर सुविधाएं मिल सकें।
यह स्पष्ट है कि ऐसे मामलों में शासन की योजनाओं का सही ढंग से क्रियान्वयन नहीं हो पाता है, जिससे जनता को मूलभूत सुविधाओं से वंचित रहना पड़ता है। ग्रामीणों ने उम्मीद जताई है कि जल्द ही संबंधित अधिकारियों पर कार्रवाई होगी और सड़कों की मरम्मत और निर्माण कार्य पूरा होगा।



